Monday, 2 May 2022

 II श्रीराम जय राम जय जय राम II


माला तो कर में फिरै, जीभ फिरै मुख माहिं I
मनवा तो चहू दिश फिरै, यह तो सुमिरन नाहिं II


"Kabir says, the Name Worship of Lord Hari is a mere show off if the hands are sliding the prayer beads and the tongue is rolling inside the mouth but the mind is elsewhere."


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 II श्रीराम जय राम जय जय राम II


II श्रीसद्गुरूचरणार्पणमस्तु II

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